छठ महापर्व के अवसर पर घाट पर श्रद्धालुओं की लगी भीड़
आर पी पी न्यूज़ : (परतावल बाजार) भारत में सूर्योपासना के लिए प्रसिद्ध पर्व है छठ,सूर्य षष्ठी व्रत होने के कारण इसे छठ कहा गया है,पारिवारिक सुख-समृद्धी तथा मनोवांछित फल प्राप्ति के लिए यह पर्व मनाया जाता है। स्त्री और पुरुष समान रूप से इस पर्व को मनाते हैं। छठ व्रत के सम्बन्ध में अनेक कथाएँ प्रचलित हैं। नहाए खाए से लेकर उगते भगवान को सूर्य को अर्ध्य देने वाले छठ पर्व का एक ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व है लोगों में बड़ा अटूट विश्वास रहता है।
मान्यता के अनुसार छठ पर पूजन से मैया सभी की मनोकामना पूरी करती हैं, यह व्रत लोग अपने बच्चों को और अपने परिवार की सुख समृद्धि और विकास के लिए बड़ी ही श्रद्धा भाव से करते हैं,परतावल ब्लॉक के अंतर्गत ग्राम सभा बसहिया बुजुर्ग टोला नेवाजीवारी निवासी विमला देवी ने कहा कि छठ मैया पर हमारा विश्वास अटूट श्रद्धा हैं घर के पटीदारों,एवं रिश्तेदारों का देखकर मैने भी ब्रत भी करना शुरू कर दिया तभी से मेरा छठ मैया पर अटूट विश्वास हो गया वही घाट पर साथ मे जाने वाली सुभावती देवी वअन्य महिलाओ ने बताया कि यह त्योहार बहुत खर्चीला है इसी वजह से मैं इसी वर्ष से अगले वर्ष के लिए व्रत रहने के लिए तैयारी कर रही हूं आईबीएन न्यूज़ संवाददाता अरविंद यादव से बातचीत में बताया कि लोगों को गांव के लोगों को देखने से और रिश्तेदारों के घर की महिलाओं के व्रत रहने को देखकर मुझे भी व्रत रहने का मन कर रहा है और मैं भी लोगों के देखकर छठवां में विश्वास रखती हूं अगले वर्ष मैं भी व्रत रहूंगी छठ मैया तो सबकी मनोकामना पूरी करती हैं इसलिए मेरे भी घर की मनोकामना पूर्ण करो करेंगी यह मेरा विश्वास है तमाम महिलाओं से बातचीत करने पर यह एक आस्था का दिखाई दिया और एक दूसरे को देख कर व्रत रहने की ललक सामने आई कुछ महिलाएं यह भी कहा कि यह त्योहार बिहार से चलकर यूपी में महापर्व के रूप में स्थापित हो गया है जबकि बुजुर्ग महिलाओं ने यह कहा थी यह हम लोगों के समय में त्यौहार नहीं था परंतु आज के समय में यह त्यौहार हिंदुओं का सबसे खर्चीला और सबसे बड़ा त्यौहार के रूप में स्थापित हुआ एक तरफ महिलाओं में खुशी देखने को मिली वहीं महिलाओं के परिजनों में महंगाई को देखते हुए मायूसी भी देखने को मिली छठ के पर्व पर फलों के दाम आसमान छू रहे थे। अन्य खबर के अनुसार परतावल शिव मंदिर छाती राम हनुमान मंदिर धनहा नायक श्यामदेउरवा अमवा उर्फ बसडीला मोहनिया लखीमा खास बभनौली टड़वा टोला इत्यादि ग्राम सभाओं के पोखरे पर चहल-पहल देखने को मिला और जगह-जगह प्रशासन के लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर निरीक्षण भी किया डाली छठ महापर्व के शुभ अवसर पर घाट मौके पर उपस्थित जेई रामनगीना यादव ,पवन यादव ,शशिविन्द यादव विनय मद्देशिया,नदुलाल यादव ,अंगद यादव, विद्यासागर प्रजापति जयप्रकाश यादव अशोक यादव प्रभात देवी सिंह अजय प्रजापति ओम प्रकाश गुप्ता राम आशीष गुप्ता पप्पू पासवान आशा देवी तमाम समाजसेवी लोग मौजूद रहे।
आर पी पी न्यूज़ : (परतावल बाजार) भारत में सूर्योपासना के लिए प्रसिद्ध पर्व है छठ,सूर्य षष्ठी व्रत होने के कारण इसे छठ कहा गया है,पारिवारिक सुख-समृद्धी तथा मनोवांछित फल प्राप्ति के लिए यह पर्व मनाया जाता है। स्त्री और पुरुष समान रूप से इस पर्व को मनाते हैं। छठ व्रत के सम्बन्ध में अनेक कथाएँ प्रचलित हैं। नहाए खाए से लेकर उगते भगवान को सूर्य को अर्ध्य देने वाले छठ पर्व का एक ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व है लोगों में बड़ा अटूट विश्वास रहता है।
मान्यता के अनुसार छठ पर पूजन से मैया सभी की मनोकामना पूरी करती हैं, यह व्रत लोग अपने बच्चों को और अपने परिवार की सुख समृद्धि और विकास के लिए बड़ी ही श्रद्धा भाव से करते हैं,परतावल ब्लॉक के अंतर्गत ग्राम सभा बसहिया बुजुर्ग टोला नेवाजीवारी निवासी विमला देवी ने कहा कि छठ मैया पर हमारा विश्वास अटूट श्रद्धा हैं घर के पटीदारों,एवं रिश्तेदारों का देखकर मैने भी ब्रत भी करना शुरू कर दिया तभी से मेरा छठ मैया पर अटूट विश्वास हो गया वही घाट पर साथ मे जाने वाली सुभावती देवी वअन्य महिलाओ ने बताया कि यह त्योहार बहुत खर्चीला है इसी वजह से मैं इसी वर्ष से अगले वर्ष के लिए व्रत रहने के लिए तैयारी कर रही हूं आईबीएन न्यूज़ संवाददाता अरविंद यादव से बातचीत में बताया कि लोगों को गांव के लोगों को देखने से और रिश्तेदारों के घर की महिलाओं के व्रत रहने को देखकर मुझे भी व्रत रहने का मन कर रहा है और मैं भी लोगों के देखकर छठवां में विश्वास रखती हूं अगले वर्ष मैं भी व्रत रहूंगी छठ मैया तो सबकी मनोकामना पूरी करती हैं इसलिए मेरे भी घर की मनोकामना पूर्ण करो करेंगी यह मेरा विश्वास है तमाम महिलाओं से बातचीत करने पर यह एक आस्था का दिखाई दिया और एक दूसरे को देख कर व्रत रहने की ललक सामने आई कुछ महिलाएं यह भी कहा कि यह त्योहार बिहार से चलकर यूपी में महापर्व के रूप में स्थापित हो गया है जबकि बुजुर्ग महिलाओं ने यह कहा थी यह हम लोगों के समय में त्यौहार नहीं था परंतु आज के समय में यह त्यौहार हिंदुओं का सबसे खर्चीला और सबसे बड़ा त्यौहार के रूप में स्थापित हुआ एक तरफ महिलाओं में खुशी देखने को मिली वहीं महिलाओं के परिजनों में महंगाई को देखते हुए मायूसी भी देखने को मिली छठ के पर्व पर फलों के दाम आसमान छू रहे थे। अन्य खबर के अनुसार परतावल शिव मंदिर छाती राम हनुमान मंदिर धनहा नायक श्यामदेउरवा अमवा उर्फ बसडीला मोहनिया लखीमा खास बभनौली टड़वा टोला इत्यादि ग्राम सभाओं के पोखरे पर चहल-पहल देखने को मिला और जगह-जगह प्रशासन के लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर निरीक्षण भी किया डाली छठ महापर्व के शुभ अवसर पर घाट मौके पर उपस्थित जेई रामनगीना यादव ,पवन यादव ,शशिविन्द यादव विनय मद्देशिया,नदुलाल यादव ,अंगद यादव, विद्यासागर प्रजापति जयप्रकाश यादव अशोक यादव प्रभात देवी सिंह अजय प्रजापति ओम प्रकाश गुप्ता राम आशीष गुप्ता पप्पू पासवान आशा देवी तमाम समाजसेवी लोग मौजूद रहे।

